સંદેશ


पेड़ो को सींचते रहना पानी से ,
ताकि बची रहे हरियाली धरती कि .


चिड़ियों को डालते रहना दाना ,
ताकि बचा रहे संगीत हवाओ में .


ह्रदय में उगने देना छंद करुणा के ,
ताकि बची रहे नमी तुम्हार आँखों कि .


शिशुओ को सुनाते रहना लोरी ,
ताकि बची रहे ख्वाब आँखों के पन्ने पर .


भूखे को खिलाते रहना रोटी ,
ताकि बना रहे सामंजस्य भूख और रोटी के बिच .


प्यासों को पिलाते रहना पानी ,
ताकि बहती रहे नदी तुम्हारे भीतर कि .
-અજ્ઞાત

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